नव देवताओं की वैयावृत्ति कैसे करें? शंका अरिहन्त, सिद्ध, आचार्य, उपाध्याय, साधु, जिन धर्म, जिनागम, जिनचैत्य, जिनचैत्यालय ये नौ आराध्य हैं हमारे। हमें इनकी किस तरह वैयावृत्ति आदि करनी चाहिए?…
अष्टद्रव्य से पूजन क्यों और अष्ट द्रव्य के क्रम का क्या अर्थ है? शंका हम जो अष्टद्रव्य से पूजा करते हैं, तो उसमें जल, चन्दन, अक्षत, पुष्प नैवेद्य, दीप, धूप…
भावों से आर्यिका बनकर सामायिक करने में कैसी निर्जरा होती है? शंका ”भावना भवनाशिनी” है, तो हम लोग भावों से आर्यिका बनकर सामायिक करें, तो हमारी निर्जरा कैसी होगी? सामायिक…