राष्ट्रीय जैन संत सुरक्षा अभियान
अहिंसा के पथिक सुरक्षित हों

अपील

“अहिंसा का संदेश देने वाले साधु-संतों के साथ इस तरह की घटना घटती है, तो वह पूरे समाज के लिए अत्यंत दुखद और विचारणीय है। यह अपने आप में एक बहुत ही हृदय विदारक घटना दिगंबर जैन साधु समाज के बीच घटी है।”

साधु-संतों के विहार के समय निरंतर इस प्रकार की दुर्घटनाएँ हो रही हैं—कभी कोई कार टक्कर मार देती है, तो कभी कोई ट्रक कुचल देता है। यह निश्चित ही अत्यंत चिंताजनक और निंदनीय है।

अब पूरे जैन समाज को जागृत होने की अत्यंत आवश्यकता है। समाज आगे आए और इस विषय में ठोस कदम उठाए। मैंने देश के माननीय प्रधानमंत्री जी और केंद्रीय परिवहन मंत्री श्री नितिन गडकरी जी से भी अपील की है कि वे ऐसी घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई करें। भारत सरकार को इस बात पर विशेष ध्यान देना चाहिए कि हमारे पदविहारी साधु-संतों की सुरक्षा के लिए एक व्यवस्थित मार्ग या नियम निश्चित किए जाएँ, ताकि भविष्य में इस प्रकार के हादसों को रोका जा सके।

जब भी साधु-संतों का विहार हो, श्रावकों और समाज के लोगों को उनकी सुरक्षा के लिए सदैव तत्पर रहना चाहिए और स्थानीय पुलिस-प्रशासन को सूचित कर उनकी मदद लेनी चाहिए।

💡 नीचे दिए गए मेसेज को copy करके ज्ञापन सौंपें।
YouTube player

ज्ञापन का मसौदा

प्रिंट योग्य नारे एवं बैनर (PDF)

इस दस्तावेज़ में रैली के लिए प्रिंट की जाने वाली पट्टिकाएँ (Placards), बड़े बैनर और सभी आवश्यक नारे शामिल हैं। आप इसे सीधे नीचे देख सकते हैं या डाउनलोड बटन का उपयोग कर सुरक्षित कर सकते हैं।

📱 मोबाइल पर PDF देखने के लिए कृपया ऊपर दिए गए डाउनलोड बटन पर क्लिक करें।

प्रमुख माँगें

1. घटना की निष्पक्ष उच्चस्तरीय जाँच
  • इस प्रकरण की SIT अथवा न्यायिक जाँच कराई जाए।
  • घटना से संबंधित सभी CCTV, वीडियो एवं डिजिटल साक्ष्य सुरक्षित किए जाएँ।
  • दोषियों पर कठोरतम कानूनी कार्यवाही की जाए।
  • यदि सुनियोजित कृत्य अथवा षड्यंत्र के तथ्य मिलें, तो तदनुसार कठोर धाराएँ लगाई जाएँ।
2. “संत सुरक्षा प्रोटोकॉल” लागू किया जाए

विहाररत साधु-संतों की सुरक्षा हेतु:

  • विहार मार्गों पर प्रशासनिक समन्वय,
  • संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस सहयोग,
  • ट्रैफिक नियंत्रण,
  • चेतावनी संकेतक,
  • हाईवे एवं भीड़भाड़ क्षेत्रों में विशेष सावधानी सुनिश्चित की जाए।
3. “राष्ट्रीय संत सुरक्षा नीति” बनाई जाए

भारत सरकार द्वारा:

  • पैदल विहार करने वाले संतों हेतु राष्ट्रीय guideline,
  • सुरक्षा SOP,
  • तथा संवेदनशील मार्गों हेतु विशेष प्रावधान निर्मित किए जाएँ।
4. संतों के विरुद्ध अपराधों को विशेष संवेदनशील श्रेणी में रखा जाए

क्योंकि:

  • साधु-संत आत्मरक्षा नहीं करते,
  • वाहन या सुरक्षा साधनों का उपयोग नहीं करते,
  • तथा पूर्णतः अहिंसक जीवन जीते हैं।
5. प्रशासन एवं समाज के बीच समन्वय तंत्र बने

स्थानीय स्तर पर:

  • “Sant Security Coordination Cell”
  • एवं आपातकालीन संपर्क व्यवस्था निर्मित की जाए।

रैली / मौन मार्च हेतु प्रभावी नारे

नीचे दिए गए नारे पट्टिकाओं, बैनरों, सोशल मीडिया, LED स्क्रीन, मौन रैली, एवंamp; प्रेस कॉन्फ्रेंस में उपयोग किए जा सकते हैं।

मुख्य अभियान नारे

“अहिंसा के पथिक सुरक्षित हों”
“संत सुरक्षा — समाज की जिम्मेदारी”
“तपस्वियों की रक्षा, मानवता की रक्षा”
“संयम की रक्षा — संस्कृति की रक्षा”
“जो जगत को शांति देते हैं, उन्हें सुरक्षा दो”

भावनात्मक एवं प्रभावी नारे

“निहत्थे संतों पर प्रहार — मानवता पर प्रहार”
“जो किसी का अहित नहीं करते, वे असुरक्षित क्यों?”
“तप और त्याग अपमानित नहीं होने देंगे”
“संतों की सुरक्षा — राष्ट्र की गरिमा”
“साधु-संत सुरक्षित हों — यही सच्ची श्रद्धांजलि”

प्रशासन को संदेश देने वाले नारे

“संत सुरक्षा हेतु राष्ट्रीय नीति बनाओ”
“विहार मार्गों को सुरक्षित बनाओ”
“निष्पक्ष जाँच करो — दोषियों पर कार्यवाही करो”
“संत सुरक्षा प्रोटोकॉल लागू करो”
“अहिंसा की रक्षा में शासन आगे आए”

युवाओं हेतु जागरण नारे

“अब जागो — संत सुरक्षा का संकल्प लो”
“श्रद्धा के साथ जिम्मेदारी भी”
“युवा जागेगा — संत सुरक्षित होगा”
“संगठित समाज ही सुरक्षा दे सकता है”

मौन रैली हेतु छोटे संदेश

“हम न्याय चाहते हैं”
“हम अहिंसा चाहते हैं”
“हम सुरक्षा चाहते हैं”
“संतों का सम्मान — राष्ट्र का सम्मान”
“Protect Those Who Walk for Peace”

अत्यन्त प्रभावी पट्टिका पंक्तियाँ

“जो स्वयं पैदल चलकर जगत को दिशा देते हैं, उनकी रक्षा कौन करेगा?”
“संत केवल एक समाज की नहीं, भारत की आत्मा की धरोहर हैं।”
“अहिंसा का मार्ग दिखाने वाले आज असुरक्षित क्यों?”
“तपस्वियों की पीड़ा — पूरे समाज की पीड़ा”
राष्ट्रीय संत सुरक्षा अभियान

“अहिंसा के पथिक सुरक्षित हों”

मंच के पीछे लिखने हेतु

“श्रद्धांजलि नहीं… सुरक्षा का संकल्प”

सबसे प्रभावी 10 नारे (रैली के लिए चयनित)

  1. अहिंसा के पथिक सुरक्षित हों
  2. संत सुरक्षा — समाज की जिम्मेदारी
  3. निहत्थे संतों पर प्रहार बंद करो
  4. संतों की सुरक्षा — राष्ट्र की गरिमा
  5. तपस्वियों की रक्षा, मानवता की रक्षा
  6. संयम की रक्षा — संस्कृति की रक्षा
  7. जो जगत को शांति देते हैं, उन्हें सुरक्षा दो
  8. साधु-संत सुरक्षित हों — यही सच्ची श्रद्धांजलि
  9. विहार मार्ग सुरक्षित बनाओ
  10. हम न्याय चाहते हैं, प्रतिशोध नहीं।
Share